VASTU VIKAS - Energy Items

इलेक्ट्रॉनिक वास्तु: एक परिचय

वास्तु शास्त्र के अनुसार, प्रत्येक वस्तु ऊर्जा का एक स्रोत है। इलेक्ट्रॉनिक उपकरण 'अग्नि तत्व' का प्रतिनिधित्व करते हैं। यदि इन्हें सही दिशा में न रखा जाए, तो ये घर में मानसिक तनाव, आर्थिक हानि और स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं पैदा कर सकते हैं। इलेक्ट्रॉनिक सामान मुख्य रूप से दक्षिण-पूर्व (आग्नेय कोण) दिशा से संबंधित होते हैं।

इलेक्ट्रॉनिक सहायक सामग्री (Mobile Accessories)

मोबाइल चार्जर, पावर बैंक, रिमोट बैटरी, सेल, हेडफोन: इन छोटी लेकिन महत्वपूर्ण सामग्रियों को हमेशा एक निश्चित स्थान पर रखें।
वास्तु टिप: इन्हें कभी भी बिस्तर के सिराहने या उत्तर-पूर्व (ईशान) कोने में न रखें। दक्षिण-पूर्व या दक्षिण दिशा इनके लिए सबसे उपयुक्त है। खराब बैटरी या टूटे हुए चार्जर तुरंत हटा दें, क्योंकि ये नकारात्मक ऊर्जा (Rahu energy) को आकर्षित करते हैं।
हेडफोन और डेटा केबल को उलझाकर न रखें, यह जीवन में उलझनों और कम्युनिकेशन गैप का प्रतीक बनता है।

कंप्यूटर एवं सहायक सामग्री (Computer & Peripherals)

कीबोर्ड, माउस, मॉडेम, हार्ड ड्राइव, वेबकैम: कंप्यूटर सेटअप को हमेशा दक्षिण-पूर्व या उत्तर-पश्चिम दिशा में रखना चाहिए।

माउस और कीबोर्ड को उपयोग के बाद व्यवस्थित रखें। मॉडेम (Wi-Fi) को उत्तर-पश्चिम दिशा में रखने से नेटवर्क और सामाजिक संपर्क बेहतर होते हैं। वेबकैम का मुख यदि उत्तर की ओर हो तो ऑनलाइन मीटिंग्स में सफलता मिलती है।

कंप्यूटर / लैपटॉप (Laptop Vastu)

लैपटॉप का उपयोग करते समय आपका मुख पूर्व या उत्तर दिशा की ओर होना चाहिए। लैपटॉप को कभी भी दक्षिण-पश्चिम कोने में रखकर चार्ज न करें, इससे बैटरी जल्दी खराब हो सकती है और कार्य में बाधा आ सकती है।
विशेष: लैपटॉप की स्क्रीन पर उगते हुए सूरज या बहते पानी का वॉलपेपर लगाने से कार्यक्षमता बढ़ती है।

कैमरा / CCTV

CCTV कैमरों का मुख उत्तर या पूर्व की ओर होना सबसे शुभ माना जाता है। इन्हें घर या कार्यालय के दक्षिण-पूर्व या उत्तर-पश्चिम कोनों में स्थापित करना सुरक्षा की दृष्टि से वास्तुसम्मत है। कैमरों की रिकॉर्डिंग यूनिट (DVR/NVR) को दक्षिण-पूर्व में रखें।

प्रिंटर और स्कैनर

प्रिंटर से निकलने वाली गर्मी अग्नि तत्व का हिस्सा है। इसलिए इसे कमरे के दक्षिण-पूर्व हिस्से में रखें। स्कैनर को उत्तर-पश्चिम में रखा जा सकता है। कागजों का ढेर या धूल जमा प्रिंटर नकारात्मक ऊर्जा फैलाता है।

दीवार की घड़ियाँ (Wall Clocks)

घड़ी केवल समय नहीं बताती, वह मनुष्य के जीवन की गति को नियंत्रित करती है।
नियम: घड़ियाँ हमेशा उत्तर या पूर्व की दीवार पर लगायें। कभी भी दक्षिण की दीवार पर घड़ी न लगायें, यह यम की दिशा है और प्रगति में बाधक है। बंद घड़ियाँ घर में बिल्कुल न रखें।

एसी (AC) और कूलर

एसी और कूलर वायु और जल तत्व का मिश्रण हैं।

AC: इसे उत्तर-पश्चिम (वायव्य) या दक्षिण-पूर्व में लगाना चाहिए। उत्तर-पूर्व में एसी लगाने से बचना चाहिए।

कूलर: कूलर में पानी का उपयोग होता है, इसलिए इसे उत्तर-पश्चिम दिशा में रखना सर्वोत्तम है। कूलर का मुख पूर्व या उत्तर की ओर होना चाहिए।

पंखे और सीलिंग फैन

पंखों को हमेशा साफ रखें। आवाज करने वाले पंखे मानसिक अशांति का कारण बनते हैं। सीलिंग फैन को कमरे के बीच में लगाएं, लेकिन ध्यान रहे कि वह बिस्तर के ठीक ऊपर न हो, अन्यथा यह स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकता है।

इनवर्टर, बैटरी और स्टेबलाइजर

ये भारी बिजली उपकरण और ऊर्जा के बड़े स्रोत हैं।

इन्वर्टर एवं बैटरी: इन्हें घर के दक्षिण-पूर्व (आग्नेय) कोने में रखें। यदि वहां जगह न हो तो उत्तर-पश्चिम में रख सकते हैं। इन्हें कभी भी उत्तर-पूर्व (ईशान) में न रखें, इससे मानसिक तनाव और आर्थिक हानि होती है।

स्टेबलाइजर: इसे मुख्य उपकरण के पास दक्षिण दिशा में रखें।

जनरेटर (बड़ा और छोटा)

जनरेटर भारी होता है और गर्मी पैदा करता है। इसे हमेशा मुख्य भवन से बाहर दक्षिण-पूर्व दिशा में स्थापित करें। इसे उत्तर-पूर्व या उत्तर दिशा में रखने से बड़े व्यावसायिक नुकसान हो सकते हैं।

टीवी (TV), रेडियो और स्पीकर

मनोरंजन के ये साधन वायु और अग्नि का प्रतीक हैं।

TV: इसे पूर्व या उत्तर की दीवार पर लगाएं। बैठते समय आपका मुख पूर्व की ओर होना चाहिए। सोते समय टीवी को ढक कर रखें ताकि उसमें प्रतिबिंब न दिखे।

स्पीकर: इन्हें उत्तर-पश्चिम दिशा में रखें ताकि ध्वनि का प्रवाह सकारात्मक हो।

सोलर पैनल और सोलर बैटरी

चूंकि सोलर पैनल सीधे सूर्य की ऊर्जा से जुड़े हैं, इन्हें छत के दक्षिण या दक्षिण-पूर्व हिस्से में लगाना चाहिए। पैनल का झुकाव इस प्रकार हो कि उसे अधिकतम सूर्य प्रकाश मिले। सोलर बैटरी को भी दक्षिण दिशा में ही रखें।

इलेक्ट्रिक मीटर और MCB बॉक्स

मेन स्विच / डिस्ट्रीब्यूशन बोर्ड: यह घर की बिजली का मुख्य केंद्र है। इसे हमेशा दक्षिण-पूर्व दिशा में होना चाहिए। ईशान कोण (उत्तर-पूर्व) में बिजली का मीटर होना अग्नि भय पैदा कर सकता है।

वॉशिंग मशीन

वॉशिंग मशीन जल और गति का प्रतीक है। इसे उत्तर-पश्चिम (वायव्य) कोने में रखना सबसे अच्छा है। यह दिशा कचरा और गंदगी बाहर निकालने के लिए उपयुक्त है। इसे दक्षिण-पश्चिम में न रखें, वरना रिश्तों में तनाव आ सकता है।

लिफ्ट (Elevator)

बहुमंजिला इमारतों में लिफ्ट को उत्तर-पश्चिम या दक्षिण-पूर्व दिशा में लगाना चाहिए। लिफ्ट को भवन के बिल्कुल केंद्र (ब्रह्मस्थान) में लगाने से बचें।

स्मार्ट डिवाइस (Alexa, Digital Locker)

अलेक्सा/स्मार्ट स्पीकर: उत्तर-पश्चिम दिशा। डिजिटल लॉकर: इसे दक्षिण की दीवार पर लगाएं ताकि यह उत्तर की ओर खुले, जो कुबेर की दिशा है। डेटा केबल और वायर मेस को कभी भी बिखरा हुआ न छोड़ें, इन्हें संगठित रखना राहु के दोष को कम करता है।

विविध छोटे सामान

टॉर्च, मसाज गन, कैलकुलेटर, वजन मशीन: इन सामानों को उपयोग के बाद दराजों या अलमारियों में रखें। वजन मशीन को हमेशा समतल जगह पर रखें और उपयोग के बाद उत्तर-पश्चिम कोने में सुरक्षित रखें। टॉर्च को हमेशा चालू स्थिति में रखें, बंद टॉर्च दुर्भाग्य लाती है।

एलईडी बल्ब और इमरजेंसी लाइट

घर के उत्तर-पूर्व में हमेशा हल्के नीले या सफेद बल्ब का प्रयोग करें। दक्षिण-पूर्व में लाल या नारंगी रोशनी शुभ होती है। इमरजेंसी लाइट को हमेशा दक्षिण दिशा में चार्जिंग पर लगायें ताकि संकट के समय वह पूर्ण ऊर्जा दे सके।

टेलीफोन और वैक्यूम क्लीनर

टेलीफोन को उत्तर-पश्चिम में रखने से मित्रों और रिश्तेदारों से संबंध सुधरते हैं। वैक्यूम क्लीनर जो गंदगी साफ करता है, उसे दक्षिण-पश्चिम दिशा के स्टोर रूम में रखना चाहिए।